हाथ देखने के नियम
हाथ देखने से पहले कुछ बातों पर ध्यान देना जरुरी है कि हाथ की बनावट कैसी है, हाथ की त्वचा
Astrology, Mantra and Dharma
हाथ देखने से पहले कुछ बातों पर ध्यान देना जरुरी है कि हाथ की बनावट कैसी है, हाथ की त्वचा
हस्तलिपि (Handwriting) के बारे में बात की जाए तो हरेक व्यक्ति की अपनी विशेष लिखाई होती है और यही लिखाई
स्कूल में जब बच्चा पढ़ना शुरु करता है तब अध्यापक सभी बच्चों को समान रुप से लिखना सिखाते हैं लेकिन
माना जाता है कि जन्म कुंडली के जिस भाव में लग्नेश स्थित होता है तो उस भाव से संबंधित फलों
शनि एक राशि में ढ़ाई साल तक रहता है और इन ढ़ाई सालों में शनि 9 नक्षत्र चरण पार करता
पिप्पलाद ऋषिकृत इस शनि स्तोत्र का पाठ करते समय बार-बार शनिदेव को प्रणाम करते रहना चाहिए. इस स्तोत्र का पाठ