कार्तिक मास में आकाशदीप की महिमा

कार्तिक महीने में आकाशदीप का भी महत्व माना गया है. जो व्यक्ति कार्तिक मास आने पर प्रात:काल स्नान करके आकाशदीप

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रुद्राष्टाध्यायी  – हिन्दी

श्रीगणेशाय नम:  रुद्राष्टाध्यायी में कुल आठ पाठ हैं जिसमें पाँचवाँ पाठ मुख्य है. यदि किसी व्यक्ति के पास समय का

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श्रीललितात्रिशतीस्तोत्ररत्ननामावलि: | Shri Lalita Trishati Stotra Ratna Namavali

अस्य श्रीललितात्रिशतीस्तोत्रमालामन्त्रस्य हयग्रीवऋषये नम: । (शिरसि) अनुष्टुपछन्द से नम: । (मुखे), श्रीललिताम्बादेवतायै नम: । हृदये, क. 5 बीजाय नम: ।

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श्रीदत्तात्रेय वज्र कवच

श्रीगणेशाय नम: । श्रीदत्तात्रेय नम: ।। ऋषिय ऊचु: कथं संकल्पसिद्धि: स्याद्वेदव्यास कलौ युगे । धर्मार्थकाममोक्षाणां साधनं किमुदाहृतम् ।।1।। अर्थ ऋषियों

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पार्वती-मंगल

पार्वती-मंगल में श्रीतुलसीदास जी ने देवाधिदेव भगवान् शंकर के द्वारा जगदम्बा पार्वती के कल्याणमय पाणिग्रहण का काव्यरूप में रसमय चित्रण

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श्रावण मास माहात्म्य – उनत्तीसवाँ (29th) अध्याय

श्रावण मास में किये जाने वाले व्रतों का कालनिर्णय ईश्वर बोले – हे सनत्कुमार ! अब मैं पूर्व में कहे

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