नारायण कवच
ऊँ श्री विष्णवे नम: (तीन बार बोले) ऊँ नमो नारायणाय (तीन बार बोले) ऊँ नमो भगवते वासुदेवाय (तीन बार बोले)
Astrology, Mantra and Dharma
ऊँ श्री विष्णवे नम: (तीन बार बोले) ऊँ नमो नारायणाय (तीन बार बोले) ऊँ नमो भगवते वासुदेवाय (तीन बार बोले)
हर व्यक्ति को कभी ना कभी समस्याओं से होकर गुजरना ही पड़ता है और कई बार समस्याएँ इतनी गंभीर हो
जब भी कोई व्यापारी अपना व्यापार आरंभ करता है और बहीखाता शुरु करता है तब सबसे पहले गणेश बनाता है
ज्योतिष में सभी नौ ग्रह का अपना विशिष्ट महत्व होता है. सभी ग्रह अपनी दशा/अन्तर्दशा में अपने फल प्रदान करने
बुध ग्रह को ग्रहों में राजकुमार की उपाधि दी गई है लेकिन जन्म कुंडली में यदि बुध अशुभ ग्रहों के
शनि के लिए वैदिक मंत्र “ऊँ शं नो देवीरभिष्टय आपो भवन्तु पीतये । शं योरभि स्रवन्तु न:” शनि का मूल