शनिवार व्रत
शनिवार का व्रत शनि महाराज को प्रसन्न करने के लिए रखा जाता है. जिनकी जन्म कुंडली में शनि की साढ़ेसाती
Astrology, Mantra and Dharma
शनिवार का व्रत शनि महाराज को प्रसन्न करने के लिए रखा जाता है. जिनकी जन्म कुंडली में शनि की साढ़ेसाती
शुक्रवार के व्रत में कथा कहते हुए अथवा कथा सुनते हुए हाथ में थोड़ा गुड़ व भुना हुआ चना रखते
बृहस्पतिवार के दिन बृहस्पतिश्वर देव की पूजा व व्रत किया जाता है. स्नानादि से निवृत होकर सुबह पीले रंग के
बुधवार का व्रत ग्रह शांति तथा सभी इच्छाओं की पूर्त्ति के लिए रखा जाता है. इस व्रत में एक समय
एक साहूकार के सात बेटे और सात ही बहुओं के साथ एक बेटी भी थी. साहूकार के घर रोज एक
सोमवार के व्रत श्री भूतनाथ महादेव जी एक बार विवाह करने की इच्छा लेकर माता पार्वती के साथ मृत्युलोक में