प्रतिपदा तिथि से लेकर विभिन्न तिथियों के भिन्न-भिन्न स्वामी होते हैं. इन तिथियों का स्वाभाव भी भिन्न होता है. जिस तिथि का जो स्वामी होता है वह तिथि उस इष्ट की पूजा, प्राणप्रतिष्ठा आदि के लिए अनुकूल होती है.
| तिथि | स्वभाव | स्वामी |
| प्रतिपदा | वृद्धिप्रदायक | अग्नि |
| द्वितीया | शुभदा | ब्रह्मा |
| तृतीया | बलप्रदायक | गौरी |
| चतुर्थी | खला | गणेश |
| पंचमी | लक्ष्मीप्रदा | नाग |
| षष्ठी | यशप्रदा अर्थात सिद्धि देने वाली | कार्तिकेय |
| सप्तमी | मित्रवत, मित्रा | सूर्य |
| अष्टमी | द्वंदवमयी | शिव |
| नवमी | उग्र अर्थात आक्रामकता देने वाली | दुर्गा |
| दशमी | सौम्य अर्थात शांत | यम |
| एकादशी | आनन्दप्रदा अर्थात सुख देने वाली | विश्वेदेव |
| द्वादशी | यशप्रदा | विष्णु |
| त्रयोदशी | जयप्रदा अर्थात विजय देने वाली | कामदेव |
| चतुर्दशी | उग्र अर्थात आक्रामकता देने वाली | शिव |
| पूर्णिमा | सौम्या | चन्द्रमा |
| अमावस्या | पितर (पूर्वज) |
