द्विपुष्कर योग 2025
माना जाता है कि द्विपुष्कर और त्रिपुष्कर में जो भी कार्य किए जाते हैं उनका फल दोगुना व तिगुना हो
Astrology, Mantra and Dharma
माना जाता है कि द्विपुष्कर और त्रिपुष्कर में जो भी कार्य किए जाते हैं उनका फल दोगुना व तिगुना हो
यमघण्टक योग को मंगल कार्यों के लिए वर्जित माना गया है. कोई भी मंगल कार्य इस योग में नहीं करना
प्रारंभ काल
मुहूर्त्त में ज्वालामुखी योग को अत्यधिक अशुभ माना गया है. यदि भूलवश भी इस योग में कोई कार्य आरंभ हो
तिथि /Dates दिन / Days समय/Time 1 दिसंबर सोमवार भद्रा 08:16 से 19:02 तक 4 दिसंबर बृहस्पतिवार भद्रा 08:38 से
तिथि /Dates दिन / Days समय/Time 1 नवंबर शनिवार भद्रा 20:22 से अगले दिन 07:32 तक 4 नवंबर मंगलवार भद्रा