महाभागवत – देवी पुराण – इकहत्तरवाँ अध्याय
श्रीमहादेवजी बोले – महामुने ! तब भगवती गङ्गा समुद्र के साथ संयुक्त हो विवर से होकर अत्यन्त प्रसन्नतापूर्वक पाताल पहुँचकर
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श्रीमहादेवजी बोले – महामुने ! तब भगवती गङ्गा समुद्र के साथ संयुक्त हो विवर से होकर अत्यन्त प्रसन्नतापूर्वक पाताल पहुँचकर