यमघण्टक योग – 2026
यमघण्टक योग को मंगल कार्यों के लिए वर्जित माना गया है। कोई भी मंगल कार्य इस योग में नहीं करना
Astrology, Mantra and Dharma
यमघण्टक योग को मंगल कार्यों के लिए वर्जित माना गया है। कोई भी मंगल कार्य इस योग में नहीं करना
प्रारंभ काल – Starting Time
अश्विनी, मघा, मूल, आश्लेषा, ज्येष्ठा और रेवती ये छ्: नक्षत्र गण्डमूल नक्षत्र कहलाते हैं. कोई भी बच्चा जब इन में
जब पंचक नक्षत्र चल रहे हों तब दक्षिण दिशा की ओर यात्रा करना, मकान आरंभ करना, दुकान आदि की छत
सूर्य जब धनु राशि में रहते हैं तब विवाह मुहूर्त नहीं होते हैं. हर वर्ष लगभग 15 दिसंबर के आसपास
मुहूर्त्त में ज्वालामुखी योग को अत्यधिक अशुभ माना गया है. यदि भूलवश भी इस योग में कोई कार्य आरंभ हो