बृहस्पतिवार व्रत विधि

बृहस्पतिवार के दिन बृहस्पतिश्वर देव की पूजा व व्रत किया जाता है. स्नानादि से निवृत होकर सुबह पीले रंग के वस्त्र धारण कर के केले के पेड़ की पूजा की जाती है. हल्दी से तिलक कर के शुद्ध घी का दीया केले के पेड़ के नीचे जलाया जाता है. पीले फूल व थोड़ी सी चने…

बुधवार व्रत

बुधवार का व्रत ग्रह शांति तथा सभी इच्छाओं की पूर्त्ति के लिए रखा जाता है. इस व्रत में एक समय के भोजन का विधान है. भोजन में हरी सब्जियों का उपयोग श्रेष्ठ माना गया है. बुधवार की कथा सुननी अथवा कहनी चाहिए. बुधवार की कथा को बीच ही में कभी नहीं छोड़ना चाहिए. कथा समाप्ति…

मंगलवार का व्रत

सभी प्रकार के सुखों को पाने, रक्त विकार से मुक्ति, सरकारी सम्मान पाने के लिए और पुत्र की प्राप्ति के लिए मंगलवार का व्रत श्रेष्ठ है. इस व्रत में संध्या समय में मीठा भोजन किया जाता है और गेहूँ तथा गुड़ का उपयोग उत्तम कहा गया है. केवल एक समय का ही भोजन करना चाहिए….

सोमवती अमावस्या की कथा

एक साहूकार के सात बेटे और सात ही बहुओं के साथ एक बेटी भी थी. साहूकार के घर रोज एक जोगी आता था जिसे साहूकार की बहू भिक्षा देती थी. उस जोगी को जब साहूकार की बेटी भिक्षा देने आती तो वह उससे भिक्षा नहीं लेता था और कहता कि तेरे भाग्य में सुहाग की…

सोलह सोमवार व्रत कथा

सोमवार के व्रत श्री भूतनाथ महादेव जी एक बार विवाह करने की इच्छा लेकर माता पार्वती के साथ मृत्युलोक में पधारें. भ्रमण करते हुए वे विदर्भ देश के अंतर्गत अमरावती नाम के अत्यंत रमणीक नगर में पहुंचे. अमरावती नगर अमरपुरी के समान सभी प्रकार के सुखों से परिपूर्ण थी. इस नगर के राजा ने बहुत…

सोमवार के व्रत

सोमवार व्रत विधि – Procedure Of Monday Fast सोमवार का व्रत शिवजी का आशीर्वाद पाने के लिए रखा जाता है. इस व्रत को को कोई भी रख सकता है. कई बार कुंवारी लड़कियाँ अच्छा वर पाने के लिए भी इस व्रत को रखती हैं. सोमवार के व्रत में कोई विशेष नियम नहीं हैं इसलिए इस…

रविवार(Sunday) व्रत कथा

एक बुढ़िया थी जो नियम से हर रविवार को सवेरे उठकर स्नान आदि से निवृत होकर पड़ोसन के घर से गाय का गोबर लाकर घर को लीपती थी. फिर भोजन तैयार कर भगवान को भोग लगाकर बाद में खुद खाती थी. इस तरह से वह नियम से रविवार का व्रत किया करती थी जिससे व्रत…